23 March 2026

Pahad Ka Pathar

Hindi News, हिंदी समाचार, Breaking News, Latest Khabar, Samachar

धामी सरकार के 4 साल को कांग्रेस ने बताया बेहाल, प्रीतम सिंह और काजी निजामुद्दीन ने उठाए गंभीर सवाल

धामी सरकार के 4 साल को कांग्रेस ने बताया बेहाल, प्रीतम सिंह और काजी निजामुद्दीन ने उठाए गंभीर सवाल

धामी सरकार के “4 साल बेमिसाल” के दावों के जवाब में उत्तराखंड कांग्रेस ने पलटवार किया और गंभीर सवाल खड़े किए। उत्तराखंड कांग्रेस के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष, पूर्व नेता प्रतिपक्ष, पूर्व कैबिनेट मंत्री, चकराता से विधायक एवं चुनाव अभियान समिति के अध्यक्ष, केंद्रीय चुनाव समिति (CEC) के सदस्य प्रीतम सिंह और अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सचिव और मंगलौर से विधायक काजी निजामुद्दीन ने प्रदेश कांग्रेस मुख्यालय राजीव भवन में संयुक्त प्रेस वार्ता को संबोधित किया।

प्रीतम सिंह ने कहा कि ये “4 साल बेमिसाल” नहीं बल्कि “4 साल बेहाल” रहे हैं। बजट का आकार बढ़ाने के बावजूद राज्य की आर्थिक स्थिति कमजोर हुई है, महंगाई चरम पर है और राज्य की केंद्र पर निर्भरता लगातार बढ़ रही है।

15वें वित्त आयोग की अवधि में 28000 करोड़ राज्य को दिए गए परंतु 16 वित्त आयोग ने सहायता देने से साफ इनकार कर दिया है दूसरी तरफ जीएसटी की प्रतिपूर्ति जो राज्यों को जीएसटी लागू होते समय से मिल रही थी वह भी बंद हो गई है जिसके कारण राज्य के आय के साधन बंद हो गए हैं।

प्रीतम सिंह ने कहा कि मातृशक्ति कुपोषण दर 56% हो गई है ,राज्य की धामी सरकार के द्वारा 30000 रोजगार दिए जाने के दावे किए जा रहे हैं जबकि सेवा नियोजन कार्यालय में 10 लाख से ज्यादा बेरोजगार पंजीकृत हैं। प्रीतम सिंह ने यह भी कहा कि कृषि का ग्रोथ रेट – 4% हो गया है, भाजपा के द्वारा किसानों की आय दोगुनी करने का वादा किया था उसके उलट कांग्रेस सरकार की कार्यकाल में यूरिया का बैग 50 किलो का था वही बाग का 40 किलो का हो गया है और मूल्य वृद्धि भी कर दी गई है। डीजल और बिजली के बढ़ती हुई दरों पर भी प्रीतम सिंह ने हमला बोला

See also  धामी सरकार के 4 साल, यशपाल आर्य ने पूछे 8 सवाल, श्वेत पत्र जारी करने की मांग

उन्होंने कहा कि पलायन आयोग खुद ही पलायन कर गया, 1726 गांव निर्जन हो चुके हैं और लगभग 1700 विद्यालय बंद हो चुके हैं। स्मार्ट सिटी के नाम पर केवल घोषणाएं हो रही हैं—देहरादून ही स्मार्ट नहीं बन पाया, तो तीन नए स्मार्ट सिटी के लिए धन कहां से आएगा, सरकार जवाब दे। नमामि गंगे में लगभग 26500 करोड़ रूपया खर्च करने के बाद ताज़ा कैग की रिपोर्ट में व्यापक स्तर पर भ्रष्टाचार उजागर हुआ है।

प्रीतम सिंह ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाएं “रेफर सेंटर” बन चुकी हैं, शिक्षा व्यवस्था चरमरा गई है, आपदा प्रबंधन विफल है और मानव-वन्यजीव संघर्ष रोकने के लिए कोई ठोस नीति नहीं है। खनन, आबकारी और भूमाफियाओं को संरक्षण दिया जा रहा है, जिससे भ्रष्टाचार को बढ़ावा मिल रहा है।

See also  धामी सरकार के 4 साल, परेड ग्राउंड में भव्य कार्यक्रम

प्रेस वार्ता को संबोधित करते हुए अखिल भारतीय राष्ट्रीय कांग्रेस के सचिव एवं मंगलौर से विधायक काजी निजामुद्दीन ने कहा कि उत्तराखंड का बजट अब एक पारंपरिक आर्थिक दस्तावेज नहीं रह गया है, बल्कि एक “नैरेटिव-ड्रिवन प्रेजेंटेशन” बन गया है, जबकि वास्तविक सच्चाई Finance Accounts में सामने आ रही है।

उन्होंने कहा कि बजट अनुमान (BE) और वास्तविक व्यय (Actual) के बीच लगातार बड़ा अंतर दिखता है, जो बजट की विश्वसनीयता पर सवाल खड़ा करता है। राज्य में राजस्व व्यय का प्रभुत्व है और पूंजीगत व्यय सीमित है, जिससे स्पष्ट है कि सरकार खर्च तो कर रही है, लेकिन निवेश नहीं कर रही।

काजी निजामुद्दीन ने कहा कि राज्य की अपनी राजस्व स्वायत्तता कमजोर हो रही है और केंद्र पर निर्भरता बढ़ती जा रही है, वहीं उधारी और ब्याज का बोझ लगातार बढ़ रहा है, जो भविष्य की आर्थिक स्थिरता के लिए खतरा है।

See also  गढ़ महिला उत्थान समिति ने मातृ शक्ति को कुंजापुरी देवी दर्शन के लिए भेजा

उन्होंने ये भी कहा कि योजनाओं के क्रियान्वयन में भारी कमी है, बार-बार underspending और savings सामने आ रही हैं, जिससे यह साबित होता है कि सरकार घोषणाएं तो कर रही है लेकिन उन्हें जमीन पर लागू करने में विफल है।

कांग्रेस नेताओं ने कहा कि “डेटा बोल रहा है, नैरेटिव नहीं” और सरकार को Finance Accounts के आधार पर जनता को जवाब देना चाहिए। कई ने कहा कि परिवहन विभाग में 400 सौ से अधिक बसें ऐसी हैं जो मानकों पर खरी नहीं उतरती पर फिर भी सड़कों पर दौड़ रही हैं ?68000 बसें ऐसी हैं जिनको परमिट तो मिल गया लेकिन फिटनेस सर्टिफिकेट नहीं।

अंत में कांग्रेस ने कहा कि उत्तराखंड को झूठे दावों और प्रचार नहीं, बल्कि जवाबदेह, पारदर्शी और विश्वसनीय राजकोषीय शासन की आवश्यकता है। प्रेस वार्ता में मुख्य प्रवक्ता गरिमा मेहरा दसौनी, देहरादून महानगर कांग्रेस की पूर्व अध्यक्ष लालचंद शर्मा, महामंत्री नवीन जोशी, शोभाराम, प्रतिमा सिंह उपस्थित रहे।