23 April 2026

Pahad Ka Pathar

Hindi News, हिंदी समाचार, Breaking News, Latest Khabar, Samachar

जश्न मनाते धामी पर धस्माना का सवालों वाला जख्म

जश्न मनाते धामी पर धस्माना का सवालों वाला जख्म

उत्तराखंड कांग्रेस के सीनियर लीडर सूर्यकांत धस्माना ने सिलक्यारा टनल हादसे को लेकर उत्तराखंड सरकार पर तीखे हमले किए। एक तरफ मुख्यमंत्री उत्सव मनाने में बिजी हैं दूसरी तरफ कांग्रेस नेता ने कई सुलगते सवाल दागे हैं। सूर्यकांत धस्माना ने पूछा है

1.सिलक्यारा टनल रेस्क्यू ऑपरेशन की आड़ में नवयुग कम्पनी को क्लीन चिट की तैयारी तो नहीं ?

2. प्रदेश में टनल आपदा के कोई इंतजाम क्यों नहीं , सिलक्यारा में सरकार फेल कैसे हुई?

3.प्रदेश में चल रही सभी परियोजनाओं में निर्माणाधीन टनलों का सेफ्टी ऑडिट पहले क्यों नहीं हुआ?

सिलक्यारा टनल में आई आपदा में फंसे 41 मजदूरों के सफल रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद रेस्क्य की सफलता के लिए अभियान में जुटे सभी लोगों और सुरक्षित निकल आये श्रमिकों को बधाई देने के साथ ही कांग्रेस ने केंद्र और जकार  सरकार पर आपदा के पूर्वानुमान न लगा पाने व उसकी कोई भी तैयारी न रखने का आरोप जड़ते हुए कहा कि इससे बड़े आश्चर्य की बात क्या हो सकती है कि जिस प्रदेश में 900 किलोमीटर की चार धाम आल वेदर रोड महापरियोजना चल रही हो, जहां ऋषिकेश से लेकर कर्णप्रयाग तक 110 किलोमीटर की दर्जनों टनल वाली रेल परियोजना निर्माणाधीन हो और जिस प्रदेश में दर्जनों पन बिजली परियोजनाएं जिनमें भूमिगत टनल बन रहीं हैं उस प्रदेश के पास टनल में रैणि (चमोली) या सिलक्यारा टनल जैसी आपदा से निपटने के कोई इंतजाम न हों।

See also  देहरादून में कब्रिस्तान को लेकर संकट, मुस्लिम समुदाय के लोगों को नहीं दफनाने दिए जा रहे शव, कैबिनेट मंत्री खजाना दास से की गई शिकायत

सरकार की पोल खुली- धस्माना

सूर्यकांत धस्माना ने कहा कि राज्य सरकार की आपदा प्रबंधन की तैयारियों की पोल रैणी व सिलक्यारा आपदाओं ने पूरी तरह खोल कर रख दी है। धस्माना ने कहा कि रैणी में तो किसी को बचाया ही नहीं जा सका किंतु सिलक्यारा में सेना और रैट होल ड्रिलर्स की समझदारी से जो काम 16 दिनों में संभव नहीं हो पाया वो काम रैट होल ड्रिलर्स ने 24 घण्टों में कर दिखया। प्रदेश उपाध्यक्ष धस्माना ने कहा कि केंद्रीय सड़क परिवहन मंत्री अगर दूसरे दिन ही मौके पर पहुंच गए होते तो जो काम आठवें दिन शिर हुआ वो दूसरे दिन ही हो जाता और यह रैस्क्यू आपरेशन आधे से भी कम समय में पूरा हो जाता।

See also  डीएम चमोली ने गौचर में कुछ जगहों पर किया ड्रेनेज का निरीक्षण

धस्माना ने कहा कि रेस्क्यू की सफलता के शोर में सिलक्यारा आपदा के असली दोषी बचने नहीं चाहिये जिनकी गलती के कारण यह सब हुआ। श्री धस्माना ने कहा कि कांग्रेस केंद्रीय सड़क एवं परिवहन मंत्री से व राज्य सरकार से यह पूछना चाहती है कि सिलक्यारा टनल की स्वीकृति के उस प्रस्ताव जो प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी की अध्यक्षता वाली बैठक में पास हुआ था जिसमें स्पष्ट रूप से “एस्केप पैसेज” के जिक्र था उस पर अमल क्यों नहीं किया गया ? श्री धस्माना ने कहा कि टनल बंनाने वाली नवयुग कम्पनी के खिलाफ अब एस्केप पैसेज न बनाने की लापरवाही पर एफआईआर क्यों नहीं कि गयी। श्री धस्माना ने कहा कि रैस्क्यू आपरेशन में नवयुग कम्पनी की क्या भूमिका रही यह बात भी महत्वपूर्ण है व इस कम्पनी के मालिक कौन हैं व इसकी क्या पृष्ठभूमि है यह भी जनता को पता होनी चाहिए।

See also  विधि-विधान के साथ खोले गए केदारनाथ धाम के कपाट

सरकार से धस्माना की मांग

एआईसीसी सदस्य धस्माना ने कहा कि 18 दिन देश की एक बड़ी परियोजना में आई मानव जनित आपदा में फंसे लोगों को जो ज़िंदगी और मौत की जंग में जीत कर जीवित निकले हैं उनको राज्य सरकार द्वारा मात्र एक लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि दिया जाना उचित नहीं है, श्री धस्माना ने कहा कि सरकार को चाहिए कि वह नवयुग कम्पनी के एकाउंट से सभी 41 श्रमिकों को दस दस लाख रुपये प्रोत्साहन राशि के रूप में दे। धस्माना ने कहा कि बचाव अभियान में लगे सभी सदस्यो व विशेष रूप से रैट होल ड्रिलर्स को भी सम्मानित किया जाना चाहिए। धस्माना ने मांग करी कि राज्य में चल रही चार धाम आल वेदर रोड परियोजना , ऋषिकेश कर्णप्रयाग रेल परियोजना व निर्माणाधीन सभी पन बिजली परियोजनाओं में निर्माणाधीन सभी टनलों का सेफ्टी ऑडिट करवाया जाए ।