1 September 2026

Pahad Ka Pathar

Hindi News, हिंदी समाचार, Breaking News, Latest Khabar, Samachar

सीएम धामी ने खटीमा गोलीकांड के शहीदों को किया नमन

सीएम धामी ने खटीमा गोलीकांड के शहीदों को किया नमन

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने आज खटीमा में उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन के दौरान शहीद हुए आंदोलनकारियों की स्मृति में आयोजित श्रद्धांजलि कार्यक्रम में प्रतिभाग किया। मुख्यमंत्री ने खटीमा गोलीकांड के शहीद राज्य आंदोलनकारियों की प्रतिमाओं पर पुष्पचक्र अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। उन्होंने शहीद राज्य आंदोलनकारियों के परिजनों को अंगवस्त्र भेंट कर सम्मानित भी किया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि आज का दिन उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन के दौरान खटीमा गोलीकांड में अपना सर्वस्व न्योछावर करने वाले अमर बलिदानियों भगवान सिंह सिरौला, प्रताप सिंह, रामपाल, सलीम अहमद, गोपीचंद, धर्मानन्द भट्ट और परमजीत सिंह को स्मरण करने का दिन है। उत्तराखण्ड का प्रत्येक नागरिक इन वीर सपूतों के बलिदान का सदैव ऋणी रहेगा। सीएम धामी ने खटीमा गोलीकांड के शहीदों को किया नमन

राज्य आंदोलन से जुड़े अपने अनुभवों को स्मरण करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि खटीमा गोलीकांड ने पृथक उत्तराखण्ड राज्य के लिए चल रहे आंदोलन को नई दिशा दी और लोगों को अपने अधिकारों की लड़ाई को आगे बढ़ाने के लिए प्रेरित किया। हम सभी मिलकर राज्य आंदोलनकारियों के सपनों के अनुरूप उत्तराखण्ड का निर्माण करें, यही उनके प्रति हमारी सच्ची श्रद्धांजलि होगी।

See also  ऋषिकेश के विकास को लेकर सरकार की पहल

मुख्यमंत्री ने कहा कि खटीमा की धरती राज्य आंदोलन की तपोभूमि है। यदि इसे उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन की जननी कहा जाए तो इसमें कोई अतिशयोक्ति नहीं होगी। राज्य निर्माण के संघर्ष को स्मरण करते हुए उन्होंने कहा कि खटीमा, मसूरी और रामपुर तिराहा जैसी घटनाओं में राज्य आंदोलनकारियों ने अपने रक्त से उत्तराखण्ड का इतिहास लिखा है। यह राज्य हमें आसानी से या उपहार स्वरूप नहीं मिला, बल्कि इसके पीछे अनगिनत राज्य आंदोलनकारियों का संघर्ष, त्याग और बलिदान है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार राज्य आंदोलनकारियों के आदर्शों और उनके सपनों को साकार करने के लिए निरंतर कार्य कर रही है। राज्य आंदोलनकारियों और उनके आश्रितों को राज्य सरकार की नौकरियों में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण प्रदान किया जा रहा है। इसके लिए राज्य सरकार द्वारा “उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन के चिन्हित आंदोलनकारियों या उनके आश्रितों को राजकीय सेवा में आरक्षण अधिनियम, 2023” लागू किया गया है। इस अधिनियम के अंतर्गत पात्र राज्य आंदोलनकारियों एवं उनके आश्रितों को राजकीय सेवाओं में 10 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण का लाभ दिया जा रहा है।

See also  शहीद राज्य आंदोलनकारियों को सीएम धामी ने किया नमन

मुख्यमंत्री ने कहा कि शहीद राज्य आंदोलनकारियों के आश्रितों की मासिक पेंशन 3000 रुपये से बढ़ाकर 5500 रुपये की गई है। राज्य आंदोलन के दौरान घायल एवं जेल गए आंदोलनकारियों को 7000 रुपये तथा सक्रिय आंदोलनकारियों को 5500 रुपये प्रतिमाह पेंशन दी जा रही है। चिह्नित राज्य आंदोलनकारियों को पहचान पत्र जारी करने के साथ ही उन्हें सरकारी बसों में निःशुल्क यात्रा की सुविधा भी उपलब्ध कराई जा रही है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य आंदोलन में नारी शक्ति की भूमिका अत्यंत महत्वपूर्ण रही है। मातृशक्ति ने पृथक राज्य के निर्माण के लिए हुए आंदोलन में बढ़-चढ़कर भाग लिया। राज्य निर्माण में मातृशक्ति के योगदान को देखते हुए राज्य सरकार ने प्रदेश की महिलाओं के लिए सरकारी नौकरियों में 30 प्रतिशत क्षैतिज आरक्षण लागू किया है।

See also  भारत नेपाल के बीच पिथौरागढ़ में हुई समन्वय बैठक, सीमा सुरक्षा समेत कई मुद्दों पर चर्चा

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार देवभूमि उत्तराखण्ड के सांस्कृतिक मूल्यों और मूल स्वरूप की रक्षा के लिए पूरी प्रतिबद्धता के साथ कार्य कर रही है। प्रदेश में सख्त धर्मांतरण विरोधी और दंगारोधी कानून लागू किए गए हैं। अवैध अतिक्रमण के विरुद्ध चलाए गए अभियान के तहत 13 हजार एकड़ से अधिक सरकारी भूमि को अतिक्रमण से मुक्त कराया गया है। कार्यक्रम को सांसद अजय भट्ट, विधायक खटीमा भुवन कापड़ी एवं विधायक नानकमत्ता गोपाल सिंह राणा ने भी संबोधित किया।