उत्तराखंड में कैबिनेट मंत्री सुबोध उनियाल और बीजेपी विधायक दुर्गेश्वरलाल के बीच विवाद खत्म कराने के लिए सीएम पुष्कर सिंह धामी को मोर्चा संभालना पड़ा। 2 दिन तक चली सियासी तल्ख़ी के बाद सीएम ने विधायक और मंत्री दोनों को ही साथ बिठाकर विवाद सुलझाने की कोशिश की। धामी ने संयम बरतने और मिलकर काम करने की बात कही।
साथ ही वन विभाग के जिन अफसरों के तबादले की मांग को लेकर विधायक अड़े हुए हैं उस पर भी एक कमेटी बनाने का फैसला हुआ है। कमेटी की रिपोर्ट के आधार पर ही आगे का फैसला लिया जाएगा। इस पूरे विवाद से सरकार और संगठन की काफी किरकिरी हुई है। इसीलिए दिन में प्रदेश अध्यक्ष और रात कओ सीएम धामी ने पूरे विवाद की आग ठंडी करने की कोशिश की। मगर अभी भी सवाल बना हुआ है कि क्या सुबोध उनियाल इस फजीहत के बाद शांति से बैठेंगे? क्या विधायक दुर्गेश्वरलाल अफसरों के मुद्दे सर अपनी जिद छोड़ देंगे?

More Stories
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने देहरादून में किया गोरखा हिमालियन फेस्टिवल का उद्घाटन
अग्निवीर स्कीम की खामियां बता रही कांग्रेस, विरोध यात्रा का तीसरा चरण शुरू
बजट को लेकर पौड़ी में संवाद कार्यक्रम, लोगों ने सीएम धामी को दिए अहम सुझाव