26 July 2026

Pahad Ka Pathar

Hindi News, हिंदी समाचार, Breaking News, Latest Khabar, Samachar

उत्तराखंड महिला कांग्रेस का बीजेपी दफ्तर के बाहर प्रदर्शन, महिला सुरक्षा के मुद्दे पर आक्रोश, डबल इंजन सरकार पर सवाल

उत्तराखंड महिला कांग्रेस का बीजेपी दफ्तर के बाहर प्रदर्शन, महिला सुरक्षा के मुद्दे पर आक्रोश, डबल इंजन सरकार पर सवाल

उत्तराखंड महिला कांग्रेस अध्यक्ष ज्योति रौतेला के नेतृत्व में आज महिला कांग्रेस ने बलबीर रोड स्थित भाजपा कार्यालय का घेराव किया और गौमूत्र व गोबर से भाजपा कार्यालय का शुद्धिकरण किया। इस दौरान सड़कों पर घण्टों हंगामा होता रहा और कॉंग्रेस नेताओं ने जमकर नारेबाजी की… महिला कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ज्योति रौतेला और प्रदेश की महिला कांग्रेस ब्रिगेड ने पुलिस की किलेबन्दी को तोड़ते हुए बैरिकेडिंग पर चढ़कर घण्टों प्रदर्शन किया…

महिला कांग्रेस अध्यक्ष ने जारी किया रिपोर्ट कार्ड —

• NARI 2025 रिपोर्ट के अनुसार देहरादून देश के शीर्ष 10 असुरक्षित शहरों में शामिल है।

• सुरक्षा स्कोर: 60.6% (राष्ट्रीय औसत 64.6%)

• दिन में सुरक्षित महसूस करने वाली महिलाएं: 70%

• रात में सुरक्षित महसूस करने वाली महिलाएं: 44%

• सार्वजनिक परिवहन में उत्पीड़न झेलने वाली महिलाएँ: 50%

• पुलिस में भरोसा रखने वाली महिलाएं: केवल 25%

• NCRB 2022 रिपोर्ट के अनुसार:

• उत्तराखंड में महिलाओं के खिलाफ अपराध के कुल 4,337 मामले दर्ज हुए।

• इनमें से 867 बलात्कार और 637 बाल यौन शोषण (POCSO) के मामले शामिल हैं।

See also  सीएम हाउस में लगा जनता दरबार

• ये आंकड़ा 2021 से 907 मामले अधिक है।

• राष्ट्रीय स्तर पर 2020 से 2022 के बीच महिलाओं के खिलाफ अपराध की दर में 12.9% की वृद्धि हुई है (58.8 से बढ़कर 66.4 प्रति लाख महिलाएँ। ज्योति रौतेला ने कहा कि आज भाजपा कार्यालय का गौमूत्र और गोबर से शुद्धिकरण करना हमारी मजबूरी थी। जब NARI 2025 रिपोर्ट देहरादून को देश के सबसे असुरक्षित शहरों में गिनाती है और NCRB के आंकड़े बताते हैं कि उत्तराखंड में महिलाओं पर अत्याचार हर साल बढ़ रहे हैं, तो सवाल उठाना ही होगा।

दिन में 70% महिलाएँ खुद को सुरक्षित मानती हैं लेकिन रात में यह भरोसा केवल 44% रह जाता है। 50% महिलाएँ सार्वजनिक परिवहन में उत्पीड़न झेल चुकी हैं और केवल 25% को ही पुलिस पर भरोसा है। 2022 में 4,337 मामले दर्ज हुए, जिनमें 867 बलात्कार और 637 बच्चों के खिलाफ यौन अपराध थे। क्या यह बेटियों के लिए सुरक्षित माहौल है? भाजपा सरकार आँकड़े छिपाकर पीठ थपथपा रही है, जबकि महिलाएँ त्रस्त हैं। हमारा यह प्रतीकात्मक शुद्धिकरण भाजपा सरकार और प्रशासन को जगाने का प्रयास है।”

See also  CM धामी ने समरसता संकल्प अभियान में की शिरकत

बीजेपी मुख्यालय के करीब पुलिस ने सख्त बैरिकेडिंग लगा दी थी लेकिन कांग्रेस का जोश हाई नजर आया सुबह तय समय पर कांग्रेस के सैकड़ों कार्यकर्ता और दिग्गज नेताओं का जुटना शुरू हो गया था जो धीरे धीरे बड़े रैली के रूप में तब्दील हो गया और पूरा हुजूम बलबीर रोड स्थित भाजपा मुख्यालय की तरफ बढ़ने लगा जिसका नेतृत्व खुद ज्योति रौतेला कर रही थी…

इस विरोध प्रदर्शन में शामिल पूर्व मंत्री हरक सिंह रावत ने कहा कि “भाजपा सरकार महिलाओं के प्रति असंवेदनशील है। आये दिन उत्पीड़न की घटनाओं में भाजपा के मंत्री, विधायक और कार्यकर्ताओं का नाम आता है लेकिन मुख्यमंत्री धाकड़ धामी सिर्फ अपनी पीठ थपथपाने में लगे रहते हैं।”

वहीं पूर्व विधायक रणजीत रावत ने कहा कि महिला उत्पीड़न के अधिकांश मामलों में भाजपा नेता और कार्यकर्ता शामिल पाए जाते हैं। सरकार अपराधियों को बचा रही है।

See also  कारगिल विजय दिवस पर सीएम धामी ने किया अमर शहीदों को नमन

प्रदर्शन में शामिल प्रदेश वरिष्ठ उपाध्यक्ष आशा मनोरमा डोबरियाल शर्मा ने कहा कि भाजपा के ‘बेटी बचाओ, बेटी पढ़ाओ’ नारे की असलियत अब खुल चुकी है। भाजपा राज में महिलाएँ त्रस्त हैं और भाजपाई मस्त है ”

उत्तराखंड कांग्रेस के इस अभूतपूर्व प्रदर्शन में बड़ी संख्या में पार्टी के शीर्ष नेता शामिल हुए जिनमें पूर्व मंत्री हरक सिंह रावत, पूर्व विधायक रणजीत रावत, वरिष्ठ उपाध्यक्ष आशा मनोरमा डोबरियाल शर्मा, नजमा खान, यूथ कांग्रेस उपाध्यक्ष बंटू, पार्षद रॉबिन त्यागी, चंद्रकला नेगी, पुष्पा पंवार, निधि नेगी, सुशीला शर्मा, इशिता सेडा, डीएवी अध्यक्ष सिद्धार्थ अग्रवाल, पायल बहल सहित सैकड़ों कार्यकर्ता मौजूद रहे।