पिथौरागढ़ में जिलाधिकारी आशीष कुमार भटगाई की अध्यक्षता में कलेक्ट्रेट सभागार में जिला गंगा संरक्षण समिति (DGC) की मासिक बैठक आयोजित की गई। बैठक में राष्ट्रीय स्वच्छ गंगा मिशन के निर्देशानुसार जनपद में संचालित सीवरेज, एसटीपी एवं अपशिष्ट प्रबंधन कार्यों की विस्तृत समीक्षा की गई।

जिलाधिकारी ने जनपद अंतर्गत संचालित 5.0 MLD एवं 1.25 MLD क्षमता वाले एसटीपी के कार्य प्रदर्शन की समीक्षा करते हुए निर्देश दिए कि सभी संयंत्र निर्धारित मानकों के अनुरूप संचालित हों। उन्होंने सीवरेज अवसंरचना की स्थिति, यूवी ट्रीटमेंट व्यवस्था तथा एफ्लुएंट गुणवत्ता की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करने के निर्देश संबंधित अधिकारियों को दिए।
बैठक में धारचूला, बेरीनाग, गंगोलीहाट, डीडीहाट एवं मुनस्यारी क्षेत्रों में प्रस्तावित/निर्माणाधीन एसटीपी कार्यों, को-ट्रीटमेंट प्लांट, सीवर लाइन विस्तार, तथा 20 से अधिक कमरों वाले होटलों एवं संस्थानों को एसटीपी से जोड़ने की कार्यवाही की समीक्षा की गई। नगर निकायों को समयबद्ध कार्ययोजना बनाकर प्रगति सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
जिलाधिकारी ने काली नदी की जल गुणवत्ता की नियमित जांच हेतु सैंपलिंग, बायो-मेडिकल वेस्ट मैनेजमेंट की सख्त निगरानी, सरकारी एवं निजी चिकित्सालयों के निरीक्षण, तथा घाटों की स्वच्छता व्यवस्था को सुदृढ़ करने के निर्देश दिए। साथ ही जनपद के विभिन्न विकासखंडों में डोर-टू-डोर कूड़ा एकत्रीकरण एवं निस्तारण की व्यवस्था को प्रभावी बनाने पर बल दिया। बैठक में सिंगल यूज़ प्लास्टिक पर पूर्ण प्रतिबंध के प्रभावी क्रियान्वयन, डंपिंग साइट चिन्हांकन तथा नगर निकायों द्वारा की गई प्रवर्तन कार्रवाई की भी समीक्षा की गई। जिलाधिकारी ने स्पष्ट किया कि स्वच्छता एवं पर्यावरण संरक्षण से जुड़े कार्यों में किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी। बैठक में प्रभागीय वनाधिकारी आशुतोष सिंह, ssb, itbp, संबंधित विभागों के अधिकारी उपस्थित रहे।

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